
विकासखंड बेमेतरा के शासकीय शाला गुवारा में छत का प्लास्टर गिरने से दो विद्यार्थियों के घायल होने के मामले को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। घटना के बाद गठित संयुक्त जांच टीम की रिपोर्ट में निर्माण कार्य में गुणवत्ता संबंधी खामियां पाए जाने पर संबंधित ठेकेदार और जिम्मेदार उप अभियंता के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने संबंधित ठेकेदार को जर्जर छत को तोड़कर गुणवत्तापूर्ण स्लैब का दोबारा निर्माण कराने के निर्देश भी दिए हैं।
13 जुलाई को हुआ था हादसा
जानकारी के अनुसार, 13 जुलाई को शासकीय शाला गुवारा के जर्जर अतिरिक्त कक्ष की छत का प्लास्टर अचानक भरभरा कर गिर गया था। इस दौरान कक्ष में मौजूद दो विद्यार्थी इसकी चपेट में आकर घायल हो गए थे। घटना के तत्काल बाद दोनों बच्चों को स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराकर उपचार कराया गया। उपचार के बाद दोनों विद्यार्थी अब पूरी तरह स्वस्थ हैं।
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा मामले की जांच के लिए संयुक्त जांच टीम गठित की गई थी। टीम ने स्कूल भवन का निरीक्षण कर निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच की। जांच के दौरान निर्माण कार्य गुणवत्ताहीन पाया गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्यपालन अभियंता, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा को संबंधित ठेकेदार तथा जिम्मेदार उप अभियंता को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए हैं।
जर्जर कक्ष में लगाया गया ताला
विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए स्कूल परिसर के जर्जर अतिरिक्त कक्ष को फिलहाल बंद कर उसमें ताला लगा दिया गया है। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए कक्षाओं का संचालन मुख्य भवन के दो सुरक्षित कमरों तथा आंगनबाड़ी भवन में किया जा रहा है।
प्रशासन ने संबंधित ठेकेदार को जर्जर छत को तोड़कर निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नया स्लैब तैयार करने के निर्देश दिए हैं, ताकि भवन का सुरक्षित उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
मरका स्कूल के निर्माण में भी मिली गंभीर खामियां
इसी तरह मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के तहत प्राथमिक शाला मरका में निर्मित तीन अतिरिक्त कक्षों के निर्माण कार्य में भी गंभीर तकनीकी खामियां सामने आई हैं। इन कक्षों का निर्माण करीब 22.52 लाख रुपये की लागत से कराया गया है।
संयुक्त जांच टीम द्वारा किए गए निरीक्षण में निर्माण कार्य को गुणवत्ताविहीन पाया गया। जांच के बाद इस मामले में भी संबंधित ठेकेदार और मूल्यांकनकर्ता उप अभियंता को कारण बताओ नोटिस जारी करने की कार्रवाई की जा रही है।
प्रशासन ने मरका स्कूल के निर्माण में पाई गई कमियों को दूर करने के लिए छत की ग्रेडिंग, प्लास्टर एवं पेंटिंग का कार्य दोबारा गुणवत्तापूर्ण तरीके से कराने के निर्देश दिए हैं।
दोनों मामलों में जिला प्रशासन ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों की जिम्मेदारी तय करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही स्कूल भवनों में विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और निर्माण कार्यों में निर्धारित गुणवत्ता मानकों का पालन कराने पर जोर दिया जा रहा है।


