
धमतरी जिले के विकासखंड मगरलोड के अंतर्गत ग्राम डुमरपाली में आकाशीय बिजली गिरने से भारी संख्या में मवेशियों की मौत का मामला सामने आया है। विगत 17 जून की रात हुई इस प्राकृतिक आपदा में लगभग 40 भेड़-बकरियों की जान चली गई। घटना की भनक लगते ही पशुधन विकास विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया है।
घुमंतू चरवाहों के थे पशु, संक्रमण का खतरा नहीं
विभागीय अमले ने ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों और स्थानीय ग्रामीणों से सघन चर्चा कर वस्तुस्थिति की जानकारी ली। जांच में यह बात सामने आई है कि मृत पशु अन्य राज्यों से आए घुमंतू चरवाहों के थे। आकाशीय बिजली की इस दर्दनाक घटना के बाद चरवाहों ने मृत पशुओं को नियमानुसार गड्ढा खोदकर सुरक्षित रूप से दफना दिया और वहां से आगे चले गए।
पशुधन विकास विभाग के अधिकारियों ने दफन स्थल का बारीकी से निरीक्षण किया है। राहत की बात यह है कि वर्तमान में वहां किसी भी प्रकार के संक्रमण या पशुजनित बीमारी (Zoonotic Disease) फैलने की स्थिति नहीं है।
विभाग रख रहा है पल-पल की नजर
पशुधन विकास विभाग के अनुसार, प्राकृतिक आपदा के कारण हुई इस आकस्मिक घटना के सभी आवश्यक तथ्यों और आंकड़ों का संकलन कर लिया गया है, जिसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पशुधन विकास विभाग ग्रामीण क्षेत्रों में मवेशियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर पूरी तरह सतर्क है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने और पशुपालकों को त्वरित सहायता पहुंचाने के लिए टीमें 24×7 प्रतिबद्ध हैं।
वर्तमान में विभाग द्वारा एहतियातन कदम उठाते हुए प्रभावित क्षेत्र और आसपास के गांवों में स्थिति पर सतत निगरानी (Continuous Monitoring) रखी जा रही है ताकि भविष्य में किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।


