Google Analytics
दिल्लीराज्य

पीएम मोदी की एक साल तक सोना न खरीदने और विदेश यात्रा पर न जाने की अपील

हैदराबाद । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विदेशी मुद्रा बचाने के लिए देशवासियों से एक साल तक सोना और उसके आभूषण नहीं खरीदने तथा विदेश यात्रा नहीं करने की अपील की है। श्री मोदी ने रविवार को तेलंगाना के हैदराबाद में एक जनसभा को संबोधित करते हुए वैश्विक आर्थिक व्यवधानों, आपूर्ति श्रृंखला की चुनौतियों और अंतरराष्ट्रीय संघर्षों के मद्देनजर सामूहिक भागीदारी का आह्वान किया।

उन्होंने देश के नागरिकों से विदेशी मुद्रा भंडार के संरक्षण में सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि मौजूदा समय का जो संकट है उसे देखते हुए हमें विदेशी मुद्रा बचाने पर बहुत जोर देना होगा। विदेश में घूमने की, विदेश में छुट्टी मनाने के लिए जाने की मध्य वर्ग में संस्कृति बढ़ती जा रही है।

उन्होंने कहा, हमें तय करना होगा कि जब यह संकट का काल है और हमारी देशभक्ति हमें ललकार रही है तो कम से कम एक साल के लिए विदेशों में जाने की बातों को टालना चाहिए। भारत में बहुत सारी जगह हैं वहां हम जा सकते हैं। भारत में बहुत कुछ किया जा सकता है।

उन्होंने कहा, विदेशी मुद्रा बचाने के जो भी रास्ते हम लोग अपना सकते हैं, उसे अपनानी होगी। हमें विदेश मुद्रा बचानी होगी। प्रधानमंत्री ने कहा कि गोल्ड यानी सोने की खरीद एक और पहलू है, जिसमें विदेशी मुद्रा बहुत अधिक खर्च होती है।

एक जमाना था जब संकट आता था, कोई युद्ध होता था तो लोग सोना दान दे देते थे। आज दान देने की जरूरत नहीं है, लेकिन देश हित में हमको एक तय करना पड़ेगा कि कोई भी समारोह हो, कोई भी कार्यक्रम हो हम सोने के गहने नहीं खरीदेंगे। उन्होंने कहा, सोना नहीं खरीदेंगे। विदेशी मुद्रा बचाने के लिए हमारी देशभक्ति हमें चुनौती दे रही है और हमें चुनौती को स्वीकार करते हुए विदेशी मुद्रा को बचाना होगा।

इस दौरान उन्होंने लोगों से पेट्रोल-डीजल तथा रसोई गैस बचाने तथा सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करने की भी अपील की। प्रधानमंत्री ने कहा कि कहा कि देशभक्ति केवल राष्ट्र के लिए प्राण न्योछावर करने तक सीमित नहीं है, बल्कि कठिन समय में जिम्मेदारीपूर्वक जीवन जीने और देश के प्रति अपने कर्तव्यों का पालन करने में भी निहित है।

उन्होंने इस कठिन समय में नागरिकों से पेट्रोल और डीज़ल की खपत कम करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि लोग जहां उपलब्ध हो, वहां मेट्रो और सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करें, निजी वाहन आवश्यक होने पर कार-पूलिंग अपनाएं, माल ढुलाई के लिए रेलवे परिवहन को प्राथमिकता दें तथा जहां संभव हो, वहां इलेक्ट्रिक वाहनों का अधिक उपयोग करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button